Saraswati Ji Aarti
Saturday, October 17, 2026
माँ सरस्वती जी की आरती
(विद्या और ज्ञान की देवी माँ सरस्वती की स्तुति)
आरती की टेक:
जय सरस्वती माता, जय सरस्वती माता।
सद्गुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता।।
आरती का पाठ:
जय सरस्वती माता, जय सरस्वती माता।
सद्गुण वैभव शालिनी, त्रिभुवन विख्याता।।
जय सरस्वती माता...
चंद्रवदानी पद्मासिनी, द्युति मंगलकारी।
सोहे शुभ हंस सवारी, अतुल तेजधारी।।
जय सरस्वती माता...
बिन यज्ञ ज्ञान न होत, जीवन सुख पाता।
अधम ज्ञानहीन नर, पशु-सा इह गाता।।
जय सरस्वती माता...
शारदा शुक वाणी, रत्ना ज्ञान प्रदायिनी।
दुःख, दरिद्र मिटावत, शांति सृष्टि लायिनी।।
जय सरस्वती माता...
त्रिभुवन सुखकारी, जग में ज्योति फैलाती।
कलुष अज्ञान मिटाती, बुद्धि प्रभा लाती।।
जय सरस्वती माता...
वीणा पुस्तक धारण, मुकुट शोभित मनोहर।
कंठ पुष्प माला शोभा, मंगलमय सुंदर।।
जय सरस्वती माता...
आरती जो कोई जन, नित्य श्रद्धा से गावे।
विविध मनोरथ पावे, दु:ख दूर हो जावे।।
जय सरस्वती माता...