Navgrah Chalisa
Friday, February 13, 2026
नवग्रह चालीसा
नवग्रहों की पूजा से जीवन के समस्त ग्रह दोष दूर होते हैं और सुख, समृद्धि, तथा शांति का मार्ग प्रशस्त होता है। श्री नवग्रह चालीसा का पाठ ग्रहों की शांति और कृपा प्राप्त करने का अद्भुत साधन है। आइए, इसका पाठ करें और जीवन को संतुलित और शुभ बनाएं।
दोहा
जय नवग्रह देवता, त्रिलोकी के नायक।
भक्तों के जीवन को, सदा करें उज्ज्वल॥
चौपाई
जय नवग्रह देव कृपाधारी।
सूर्य आदि जगत के अधिकारी॥
सूर्य देव, प्रकाश के दाता।
संसार के पालनकर्ता॥
चंद्रमा, मन को शांत बनाते।
सुख-संपत्ति, शीतलता लाते॥
मंगल ग्रह बल-पराक्रम के नायक।
जीवन में साहस का दीप जलाते॥
बुध ग्रह, बुधि-विद्या के दाता।
व्यापार और संवाद सुलभ बनाते॥
गुरु ग्रह, ज्ञान और धर्म बढ़ाते।
सभी बाधाओं को दूर भगाते॥
शुक्र ग्रह देते ऐश्वर्य और सुख।
प्रेम और सौंदर्य से भरते हर मुख॥
शनि देव, कर्मफल के प्रदाता।
धैर्य और सच्चाई के प्रेरक विधाता॥
राहु-केतु ग्रहों के स्वामी।
संकट हरते, शुभ फल के दानी॥
नवग्रह की पूजा जो करता।
जीवन में सुख और समृद्धि भरता॥
भक्ति भाव से जो चालीसा गाते।
ग्रह दोष उनके पास न आते॥
कर्म प्रधान का संदेश सिखाते।
भक्तों को सच्चाई का मार्ग दिखाते॥
नवग्रह देव, सदा सहायक।
दीन दुखियों के होते हितकारी॥
जो नवग्रह चालीसा का पाठ करे।
सभी संकट जीवन से हटे॥
नवग्रह चालीसा का महत्व
- नवग्रह चालीसा का पाठ ग्रह दोष दूर करने और जीवन में संतुलन स्थापित करने के लिए किया जाता है।
- यह चालीसा आपको सकारात्मक ऊर्जा और शुभ फल प्रदान करती है।
- ग्रहों की कृपा से सफलता, शांति, और समृद्धि प्राप्त होती है।
कैसे करें पाठ?
- एक स्वच्छ स्थान पर दीपक जलाकर नवग्रह की तस्वीर या यंत्र के सामने बैठें।
- नौ रंगों के फूल या कपड़े अर्पित करें।
- शांत चित्त और पूर्ण भक्ति भाव से चालीसा का पाठ करें।
भक्ति का संदेश
नवग्रह देवता की कृपा से आपके जीवन के सभी ग्रह दोष समाप्त हों और आपका जीवन सुख, शांति, और समृद्धि से भर जाए। जय नवग्रह देवता!🙏🌟